Home राष्ट्रीय भगवान बिरसा मुण्डा ने जनजातीय संस्कृति और देश की आजादी के लिए...

भगवान बिरसा मुण्डा ने जनजातीय संस्कृति और देश की आजादी के लिए प्राणों की आहुति दी- मुख्यमंत्री श्री चौहान

175
0


भगवान बिरसा मुण्डा ने जनजातीय संस्कृति और देश की आजादी के लिए प्राणों की आहुति दी- मुख्यमंत्री श्री चौहान


जनजातीय समाज के स्वतंत्रता सेनानियों की जन्मस्थली पर हर वर्ष लगेंगे मेले
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने ग्राम ऊंची, बड़वानी में 2 अरब 94 करोड़ के कार्यों का शिलान्यास एवं 70 करोड़ 35 लाख के कार्यों किया लोकार्पण
 


भोपाल : शुक्रवार, नवम्बर 27, 2020, 20:47 IST

मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि भगवान बिरसा मुण्डा, शहीद भीमा नायक, शहीद टंट्या मामा ने जनजातीय संस्कृति की रक्षा और अंग्रेजों से देश को आजाद कराने के लिए अपने प्राणों की आहुति दी। उन्होंने अंग्रेजों के खिलाफ शोषण, धर्मान्तरण को रोकने और हमारी संस्कृति को बचाने के लिए निरन्तर संघर्ष किया। उन्होंने जनजातियों की पूजा-पाठ की पद्धतियों, जीवन मूल्यों और संस्कृति की रक्षा और आजादी के लिए निरंतर कार्य किया। जनजातीय वर्ग के शहीदों के स्मारकों पर उनके जन्म दिवस पर हर वर्ष मेले लगेंगे।

मुख्यमंत्री श्री शिवराजसिंह चौहान आज बड़वानी जिले के ग्राम ऊंची में आयोजित जन-जातीय गौरव सम्मान समारोह को सम्बोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने सभी को दोनों हाथ उठाकर संकल्प भी दिलाया कि वे अपनी संस्कृति, परम्परा, जीवन मूल्य को बचाने में योगदान देंगे।

समारोह का शुभारंभ मुख्यमंत्री श्री चौहान ने भगवान बिरसा मुण्डा की फोटो पर माल्यार्पण तथा कन्या पूजन के साथ किया। समारोह में केन्द्रीय राज्य मंत्री इस्पात श्री फग्गनसिंह कुलस्ते, आदिम जाति कल्याण मंत्री सुश्री मीना सिंह, पशुपालन मंत्री श्री प्रेमसिंह पटेल, राज्यसभा सांसद डॉ. सुमेरसिंह सोलंकी, खरगोन-बड़वानी सांसद श्री गजेन्द्रसिह पटेल, बैतूल सांसद श्री दुर्गादास उईके, धार सांसद श्री छतरसिंह दरबार आदि उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि देश की आजादी में भगवान बिरसा मुण्डा, शहीद भीमा नायक, रघुनाथ शाह, शंकर शाह, टंट्या भील जैसे महानायकों ने योगदान दिया। हम इन महानायकों के योगदान को कभी भुला नही सकेंगे। भारत की मुख्य धारा देश की जनजातियां हैं। जनजातीय परम्पराओं एवं संस्कृति को अक्षुण्य रखने के प्रयास किए जायेंगे। कुछ लोग भ्रम फैलाकर देश में हमारी सांस्कृतिक, सामाजिक समरसता को तोड़ने का प्रयास कर रहे है। लोभ, लालच, भय और प्रलोभन देकर धर्मान्तरण करने का प्रयास किया जा रहा है। ऐसे असामाजिक तत्वों पर सख्त कार्यवाही की जायेगी। मध्यप्रदेश की धरती पर लव-जिहाद नहीं होने देंगे, इसके लिए जल्द ही प्रदेश में कानून बनाया जायेगा। बेटियों को बहला-फुसलाकर विवाह करने वालों को 10 साल की सजा का प्रावधान किया जायेगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्यप्रदेश में जिन जनजातीय भाई बहनों को भूमि के पट्टे दिए गए है, उन्हें मुख्यमंत्री सम्मान निधि योजना, प्रधानमंत्री सम्मान निधि योजना का लाभ भी दिया जायेगा। प्रदेश में जनजातियों का शोषण और लूट नहीं होने दी जायेगी। जिन अवैध साहूकारों ने जनजाति परिवारों को कर्जा दिया है और सम्पत्ति गिरवी रखी है, ऐसे सभी अवैध कर्जों को मध्यप्रदेश में माफ कर दिया गया है। अवैध साहूकारों के विरूद्ध जनजातीय ऋण विमुक्त अधिनियम 2020 बनाया गया है। इसके तहत जनजातीय वर्ग की सम्पत्ति गिरवी रखने वाले अगर उनकी गिरवी सम्पत्ति वापस नहीं करते हैं, तो उन्हें जेल की सजा का प्रावधान भी किया गया है।

भीमा नायक की जन्मस्थली पर लगेगा हर वर्ष मेला

कार्यक्रम के दौरान प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री शिवराजसिंह चौहान ने घोषणा की कि जनजातीय समाज के स्वतंत्रता सेनानी शहीद भीमा नायक के स्मारक पर 29 दिसम्बर को हर वर्ष मेला लगाया जायेगा। इस वर्ष लगने वाले मेले में वे भी वर्चुअल माध्यम से जुड़ेंगे। वहीं 04 अप्रैल को शहीद टंट्या मामा की जन्मस्थली पर भी हर वर्ष मेला लगाया जायेगा।

12 विशिष्ट आवासीय विद्यालय एवं 9 महाविद्यालय कन्या छात्रावासों की दी स्वीकृति

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने प्रदेश के ठीकरी, भीकनगांव, नालछा, निसरपुर, बदनावर, बंधना, पुनासा, इन्दौर, घोड़ाडोंगरी, आटनेर, आमला, बागली में विशिष्ट आवासीय कन्या शिक्षा परिसर एवं इन्दौर, ग्वालियर, अलीराजपुर, झाबुआ, खरगोन, धार, कुक्षी, होशंगाबाद एवं ठीकरी में महाविद्यालयीन कन्या छात्रावास के निर्माण की स्वीकृति प्रदान की।

प्रदेश के किसानों को मिलेंगे सब्जियों के समुचित दाम

कार्यक्रम के दौरान प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि बड़वानी जिले में किसान अच्छी सब्जी उत्पादित कर रहे हैं, किन्तु बिचौलियों के कारण उन्हें उनका सही दाम नहीं मिल रहा है। इसके कारण किसानों एवं उपभोक्ताओं को लाभ नहीं मिल रहा है। ऐसी व्यवस्था की जायेगी कि किसानों को उनकी उपज का समुचित मूल्य मिले तथा उपभोक्ताओं को भी वाजिब दाम पर सब्ज़ी मिले।

1021 हितग्राहियों को वनाधिकार प्रमाण पत्र वितरित किए

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कार्यक्रम में वन अधिकार अधिनियम के तहत जिले के 1021 हितग्राहियों को वनाधिकार प्रमाण पत्र वितरित किए। साथ ही जिले के 5 प्रतिभावान विद्यार्थियों का सम्मान किया। मुख्यमंत्री ने स्व-सहायता समूहों को क्रेडिट लिमिट का वितरण भी किया। इसी प्रकार प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के तहत नवीन उद्योग खोलने के लिए श्री अमित पण्डित को 25 लाख का ऋण एवं मुकेश पटेल मछुआ समूह को पट्टे पर टेमला तालाब दिये जाने का प्रपत्र सौंपा। लाड़ली लक्ष्मी योजना के तहत बालिकाओं की माताओं को प्रमाण पत्र का भी वितरण किया।

शिलान्यास एवं लोकार्पण किया

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री श्री चौहान ने 2 अरब 94 करोड़ 93 लाख की लागत वाले 42 कार्यों का शिलान्यास किया। इन कार्यो में 17.86-17.86 लाख से बनने वाली 35 शासकीय गौशालाएं भी सम्मिलित हैं। इसी प्रकार मुख्यमंत्री श्री चौहान ने 70 करोड़ 35 लाख रूपये की लागत वाले 19 कार्यों का लोकार्पण किया।


पंकज मित्तल

Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here